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Archive for August, 2008

इंग्लैण्ड ने 14 ओवर में मैच जीता!!

August 26th, 2008 by Administrator | No Comments | Filed in मैच खबरें

इंग्लैण्ड- दक्षिण अफ्रीका के बीच आज नॉटिंघम में खेला गया नैट्वेस्ट श्रृंखला का दूसरा एकदिवसीय मैच क्रिकेट के इतिहास के चमत्कारी मैचों में शामिल हो गया। दक्षिण अफ्रीका की टीम 23 ओवर में सिर्फ 83 रन बना कर आउट हो गई और इंग्लैण्ड ने यह स्कोर सिर्फ 14.1 ओवर में पार कर मैच जीत लिया!

यानी 100 ओवरों में होने वाला यह मैच कुल मिला कर सिर्फ 37.1 ओवरों में खतम हो गया।

इंग्लैण्ड की ओर से दक्षिण अफ्रीकी बल्लेबाजी की कब्र खोदने वाले गेंदबाज बने स्टुअर्ट ब्रॉड, जिन्होंने 23 रन देकर 5 विकेट लिए। ये वही स्टुअर्ट ब्रॉड हैं जिनकी गेंदों पर युवराज सिंह ने 20-20 विश्वकप के एक मैच ( डरबन में, 19 सितम्बर 2007) में 6 गेंदों पर 6 छक्के मारे थे।

किस्मत की बात है। वही स्टुअर्ट ब्रॉड आज कमाल कर रहे हैं और वही युवराज सिंह इन दिनों अपने उसी कप्तान धोनी से, खराब खेल के लिए सरे आम मैदान पर डांट खाते फिर रहे हैं।

आज का मैच इंग्लैड ने दस विकेट से, 215 गेंद शेष रहते जीता।

दक्षिण अफ्रीका की ओर से सबसे अधिक रन आंड्रे नेल ने बनाए- 13 रन।

उनके अलावा सिर्फ ज्यां पाल डुमिनी और हर्शेल गिब्स ने 10-10 रन बनाए। बाकी सारे खिलाड़ी 10 रन से भी कम पर आउट होते चले गए।

दक्षिण अफ्रीका के लिए जख्मों पर नमक छिड़कने की बात यह हुई कि एक तो टॉस उन्होंने ही जीता था और पहले बल्लेबाजी का फैसला किया। दूसरे, इंग्लैण्ड ने बिना कोई विकेट खोए यह मैच जीता।

इंग्लैण्ड के खिलाफ दक्षिण अफ्रीका का यह दूसरा सबसे कम स्कोर था।

इंग्लैण्ड अब इस श्रृंखला में 2-0 से आगे हो गया है। दोनों टीमों के बीच अगला मैच शुक्रवार को ओवल में होगा।

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चौथा वन डे कल होगा

August 26th, 2008 by Administrator | No Comments | Filed in आंखो देखा हाल

बारिश के कारण भारत- श्रीलंका के बीच चौथा एकदिवसीय मैच स्थगित हो गया है। कोलम्बो में आज होने वाला यह मैच कल होगा।

यानी कल फिर घंटों का इंतजार मैच के लिए।

ये लोग रात में ही क्यों नहीं खेल लेते? आखिर तो आधा मैच रात में ही होना है :)

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चंद्रा, मुकेश और पिज्जा

August 26th, 2008 by Administrator | No Comments | Filed in चर्चित चेहरे

“टेन स्पोर्ट्स “ पर “चंद्रा” का इंटरव्यू दिखाया जा रहा था। अच्छा लगा भारत के इस महान गुगली गेंदबाज को देख कर। चंद्रा की दाहिनी कलाई में बचपन में पोलियो हो गया था, जो आगे चल कर उनकी “लेग स्पिन” गेंदबाजी के लिए वरदान बन गया।

संयोग से, चंद्रा (भागवत सुब्रह्म्ण्य चंद्रशेखर) को मुकेश के गाने बहुत पसंद हैं और कल मुकेश की पुण्यतिथि भी है। सुनील गावस्कर ने बरसों पहले चंद्रा के इस “मुकेश प्रेम” का एक किस्सा लिखा था।

मुंबई- कर्नाटक के एक रणजी ट्रॉफी में गावस्कर बल्लेबाजी कर रहे थे और उन्हें गेंदबाजी कर रहे थे चंद्रा। वैसे तो गावस्कर अच्छा खेल रहे थे लेकिन तभी खिलाड़ियों के कानों में मुकेश के एक गीत की आवाज सुनाई पड़ी। स्टेडियम में बैठा एक दर्शक के ट्रांजिस्टर पर वह गीत बज रहा था। गीत क्या सुनाई दिया, चंद्रा की गेंद घातक हो गई और गावस्कर का विकेट ले उड़ी। लेकिन चंद्रा को होश ही नहीं था कि उन्होंने गावस्कर जैसा महत्वपूर्ण विकेट ले लिया है। वे फॉलो – थ्रू में गावस्कर के पास पहुंचे और उस गीत के बारे में पूछने लगे “सुना क्या”?

चंद्रा का पिज्जा प्रेम:

चंद्रा के बारे में एक और बात याद आई। 1977-78 में भारत की टीम बिशनसिंह बेदी के नेतृत्व में ऑस्ट्रेलिया दौरे पर गई थी। आप कल्पना कर सकते हैं कि उस समय हमारी टीम की हालत विदेशी पिचों पर तेज गेंदबाजों के कारण क्या होती होगी। लेकिन उस श्रृंखला में चंद्रा की घातक गेंदबाजी की बदौलत भारत ने 2 टेस्ट मैच जीते थे और 3-2 के बारीक अंतर से श्रृंखला हारा था। चंद्रा ने मेलबर्न टेस्ट में 12 विकेट लिए थे, दोनों पारियों में 6-6 विकेट।

ब्रिस्बेन और पर्थ के पहले दो टेस्ट हार कर भारतीय टीम मेलबर्न पहुंची थी। चंद्रा को पिज्जा बहुत पसंद था। तब तो पिज्जा सिर्फ विदेशी दौरों में खाने को मिलता था। ऑस्ट्रेलियाई मैनेजर ने उनसे कहा, चंद्रा एक पारी में 6 विकेट लोगे तो तुम्हें मैं पिज्जा खिलाऊंगा। चंद्रा ने मेलबर्न टेस्ट की दोनों पारियों में 6-6 विकेट ले लिए और ऑस्ट्रेलिया वह टेस्ट मैच हार गया। भारत 222 रनों से वह मैच जीता था। भारत की ऑस्ट्रेलिया में वह पहली जीत थी।

उससे अगला मैच ( सिडनी में) भारत ने पारी और 2 रनों से जीता था।
लेकिन एडीलेड का आखिरी मैच भारत सिर्फ 47 रनों से हार गया और वह श्रृंखला जीतने से वंचित रह गया था।

चंद्रा की गेंदबाजी जितनी महान थी, उनकी बल्लेबाजी भी उतनी ही “महान” कहलाती थी। अगर चंद्रा एक गेंद भी खेल लेते तो वह रेकॉर्ड बन जाता था। ऑस्ट्रेलिया के साथ उस श्रृंखला में चंद्रा ने कुल 28 विकेट लिए थे। लेकिन रन बनाए थे सिर्फ चार। उसमें भी उनका उच्चतम स्कोर था 2 रन।

चंद्रा ने उस श्रृंखला में “ मैन ऑफ दि सीरीज” का पुरस्कार जीता था। पुरस्कार के साथ उन्हें एक बल्ला भी भेंट किया गया जिसके बीचों-बीच एक बड़ा सा गोल छेद था, उनकी बल्लेबाजी की “विशेषता” दिखाने के लिए!

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कोलम्बो में बारिश: मैच देर से शुरू होगा

August 26th, 2008 by Administrator | No Comments | Filed in आंखो देखा हाल

टीवी चैनल खबर दे रहे हैं कि कोलम्बो में हल्की बारिश हो रही है, जिसके कारण भारत- श्रीलंका के बीच चौथा एकदिवसीय मैच देर से शुरू होगा।

वैसे कोलम्बो में मौसम विभाग ने आज बारिश होने की संभावना पहले ही व्यक्त कर दी थी। लेकिन ऎसी ही मौसमी भविष्यवाणी रविवार को तीसरे वन डे से पहले भी की गई थी और उस दिन बारिश नहीं हुई थी, इसलिए आज आशा की जा रही थी कि फिर मौसम विभाग गलत साबित होगा। अफसोस, आज तो उनकी भविष्यवाणी सही साबित हो रही है।

इतनी सही “भविष्यवाणी” कर रहे श्रीलंकाई मौसम विभाग से कोई ये जाकर अभी पूछ ले कि आज का मैच कौन जीतेगा :)

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भारत- श्रीलंका चौथा वन डे: आज है कोलम्बो में

August 26th, 2008 by Administrator | No Comments | Filed in आंखो देखा हाल

2-1 से श्रृंखला में आगे हो जाने के बाद भारतीय क्रिकेट टीम आज कोलम्बो में श्रीलंका से चौथे एकदिवसीय मैच के लिए भिड़ेगी।

मैच भारतीय समयानुसार दोपहर 2.30 बजे शुरू होगा।

पिछले मैच के नतीजे को देखते हुए अनुमान है कि भारत अपनी विजेता टीम में कोई फेरबदल नहीं करेगा। चिंता होगी श्रीलंका को, अपनी बल्लेबाजी की।

मैच का बहुत कुछ दारोमदार पिच की स्थिति पर होगा। “क्रिकइंफो” का कहना है कि इस पिच पर शाम को गेंदबाजों को मदद मिलने लगेगी। यानी दोनों टीमें चाहेंगी कि पहले बल्लेबाजी वही करें। सो, जिसने आज टॉस जीता, उसके हाथ में आधा मैच वैसे ही आ जाएगा। आखिर तीसरे वन डे में भारत की जीत में बहुत बड़ा हाथ उसके गेंदबाजों का था, जिनकें गेंदें शाम ढलते ही अचानक स्विंग होने लगी थीं और श्रीलंकाई बल्लेबाज धड़ाधड आउट होने लगे थे।

वैसे एक बात बताइए, अगर आपने माहेला जयवर्धने को आउट होते देखा हो, तो क्या ऎसा नहीं लगा कि उन्होंने जान-बूझ कर अपना विकेट गंवा दिया? 94 रन पर होने के बावजूद जिस तरह उन्होंने कैच उछाला उसे देख कर लगा कि वे भारतीय टीम को सिखा रहे हों, कैच कैसे लिया जाता है।

पता नहीं यह हमारे दिमाग का फितूर है या आपको भी ऎसा ही लगा।

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रिटायरमेंट के बाद क्या करना चाहते हैं सौरव?

August 26th, 2008 by Administrator | No Comments | Filed in चर्चित चेहरे

जब सौरव गांगुली ने सौ टेस्ट मैच पूरे किए तो तो हर्षा भोगले ने उनसे “स्टार क्रिकेट” पर कुछ दिलचस्प बातें की थीं।

हर्षा ने सौरव से पूछा, क्या कभी सोचा क्रिकेट से रिटायरमेंट के बाद क्या करेंगे?

सौरव का जवाब था- “हां बिलकुल, बहुत सोचता हूं, बहुत कुछ करना है। मेरे परिवार का बिजनेस है, उसे संभालना है क्योंकि मेरे पिता अब बूढ़े हो रहे हैं। अपने खुद के भी कई काम मैंने शुरू किए हैं। एक स्कूल खोलना चाहता हूं, क्रिकेट का नही, पढ़ाई का जहां बच्चों को सिखाया जा सके।”

धोनी को भी उसी स्कूल में दाखिला दे देना दादा :)

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धोनी “मैन ऑफ दि मैच”? और माहेला?

August 25th, 2008 by Administrator | No Comments | Filed in विवाद

भारत- श्रीलंका के बीच तीसरे एकदिवसीय मैच में माहेला जयवर्धने ने 94 रन बनाए, धोनी ने 76 रन। लेकिन मैन ऑफ दि मैच धोनी को मिला??!!! ये क्या हो रहा है?

क्या धोनी पुरस्कार खरीदने लगे हैं?

पहले भी आईपीएल के मैच में ऎसा हो चुका है जब दूसरे खिलाड़ी अच्छा खेले लेकिन धोनी को “मैन ऑफ दि मैच” पुरस्कार मिला।

फिर, राष्ट्रीय पुरस्कार “राजीव गांधी खेल रत्न” मिलने का समय आया तो साल भर खराब खेल और देर से नाम भेजे जाने के बावजूद धोनी ने पुरस्कार जीत लिया। पुरस्कारों की घोषणा के बाद खेल मंत्री से जब पत्रकारों ने पूछा कि धोनी का नाम तो समय सीमा के बाद भेजा गया था, वे कैसे जीत गए, तो खेलमंत्री ने स्पष्ट कहा था कि “मिनिस्ट्री से फैसला हो चुका था।”

अभी तक तो फिल्मी पुरस्कार ही खरीदे जाते थे, अब खेल पुरस्कार भी खरीदे जाने लगे क्या?

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कोलम्बो, तीसरा एकदिवसीय: श्रीलंका पराजित

August 24th, 2008 by Administrator | 1 Comment | Filed in आंखो देखा हाल

कोलम्बो एकदिवसीय मैच ( तीसरा) : भारत विरुद्ध श्रीलंका

10.22 बजे

श्रीलंका की पूरी टीम 49 ओवरों में 204 रन बना कर आउट हो गई।

भारत ने 33 रन से मैच जीत लिया और श्रृंखला में अब 2-1 से आगे हो गई है।

श्रीलंकाई कप्तान माहेला जयवर्धने 94 रन बना कर आउट हुए। अब “मैन ऑफ दि मैच” पुरस्कार उन्हें ही मिलेगा। बड़ी खुशी की बात है :)

अगला एक दिवसीय मैच 26 अगस्त यानी मंगलवार को कोलम्बो में ही होगा।

तब तक दोनों टीमें आराम फरमाएं।

9.54 बजे

8 वां विकेट गिरा श्रीलंका का।

तुषारा को जहीर खान ने बोल्ड कर दिया।

स्कोर: 175/ 8 विकेट पर 9 43.5 ओवर)

जीत के लिए 63 रन और बाकी। हाथ में हैं सिर्फ दो विकेट और 37 गेंद शेष।

8.43 बजे

श्रीलंका का 7 वां विकेट गया।

युवराज सिंह ने कुलसेकरा को पगबाधा आउट कर दिया।

श्रीलंका का स्कोर: 94/ 7 विकेट पर ( 26.5 ओवरों में)

मैच में सारा रोमांच खत्म हो चुका है। सिर्फ औपचारिकता बाकी है। बाकी तीन विकेट भी गिर जाएं तो दर्शक घर जाएं। धोनी को “मैन ऑफ दि मैच” पुरस्कार लेते देखने के लिए कौन बैठा रहेगा भला।

8.07 बजे

हरभजन ने चामिंडा वास को बोल्ड कर दिया!!

श्रीलंका: 59/ 6 विकेट पर।

क्या यह श्रीलंका की सबसे बड़ी हार होगी?

क्या उसकी टीम 100 रन भी नहीं बना पाएगी?

8.01 बजे

श्रीलंका की हालत खराब, पांचवा विकेट गिरा, दिलशान को मुनाफ पटेल ने आउट किया।

स्कोर: 58/ 5 विकेट ( 16.3 ओवर)

7.30 बजे

चौथा विकेट गिरा!! चमारा सिल्वा को जहीर खान ने आउट किया!

श्रीलंका: 40 रन/ 4 विकेट गए ( 9.3 ओवर में)

7.27 बजे

कपुगेदारा भी आउट!! प्रवीण कुमार ने पगबाधा आउट किया।

श्रीलंका 38 रन पर 3 विकेट ।

अच्छा हुआ भारत ने पहले बल्लेबाजी कर ली, वर्ना पता नहीं क्या हालत होती :)

7. 12 बजे
भारतीय गेंदबाजों के हौसले बुलंद हैं। रात घिर गई है और गेंद अचानक काफी “टर्न” लेने लगी हैं। जहीर और प्रवीण कुमार के लिए बेहतरीन परिस्थिति।
जो हालत भारतीय शुरूआती बल्लेबाजों की हुई थी, श्रीलंका की उससे भी बुरी।

7.08 बजे

श्रीलंका का दूसरा विकेट गिरा!!!

संगकारा आउट!! जहीर खान ने विकेट लिया।

श्रीलंका मुश्किल में। 26 रन पर 2 विकेट गए।

7.04 बजे

जयसूर्या आउट!!!

प्रवीण कुमार ने बड़ा विकेट झटका।

सनत जयसूर्या धुन रहे थे भारतीय गेंदबाजों को। 14 गेंदों में 13 रन बना चुके थे जिनमें 3 चौके शामिल थे।

श्रीलंका का स्कोर: 18 रन/ एक विकेट पर ( 4.1 ओवर)

अब क्रीज पर जोड़ी है संगकारा और कपुगेदारा की।

जीत के लिए बनाने हैं 238 रन।

भारतीय टीम का स्कोरकार्ड:

विराट कोहली: 25 रन
गौतम गंभीर : 8
युवराज सिंह : 12
सुरेश रैना : 53
एस बद्रीनाथ : 6
धोनी : 76
रोहित शर्मा : 32
हरभजन सिंह : 2
प्रवीण कुमार : 2 ( नाबाद)
जहीर खान : 1

श्रीलंकाई गेंदबाजी:

कुलसेकरा : 2 विकेट
तुषारा : 2
मेंडिस : 3

6.25 बजे

भारतीय पारी के आखिरी दो ओवर किसी जेम्स बॉण्ड फिल्म की तरह रोमांचक रहे।

49 वें ओवर में अजंता मेंडिस ने लगातार दो गेंदों पर 2 विकेट लेकर ऊंघते श्रीलंकाई दर्शकों में ऊर्जा भर दी। उनकी तीसरी गेंद पर जहीर खान के खिलाफ स्टंप आउट की जोरदार अपील हुई लेकिन वे बाल- बाल बच गए। अगर जहीर आउट हो जाते तो मेंडिस की हैट्रिक हो जाती।

उसके बाद भारतीय पारी का 50वां और आखिरी ओवर फेंकने आए थिलान तुषारा। उनके इस ओवर में रन रोकने की कोशिश में श्रीलंकाई खिलाडियों से फील्डिंग की कई गड़बडियां हुईं। दूसरी तरफ रन लेने के उत्साह में जहीर खान ने एक ऎसी गड़बड़ी की जो शायद एकदिवसीय मैच का रेकॉर्ड होगी। वे नॉन- स्ट्राइकर छोर पर थे। तुषारा दौड़ते हुए आए प्रवीण कुमार को गेंद फेंकने। और उनके गेंद फेंकने से पहले ही जहीर खान एक रन लेने के लिए दौड़ने लगे। जब तक तुषारा क्रीज पर पहुंचते तब तक जहीर आधी पिच पार कर चुके थे। फिर उन्हें लगा कुछ गड़बड़ है। पलट कर देखा तो पाया कि गेंदबाज ने गेंद ही नहीं फेंकी है और वे रन लेने कि लिए आधी पिच दौड़ चुके हैं। अंपायर ने डांट लगाई फिर जहीर को।

खैर, अंत भला तो सब भला।

अब श्रीलंका के सामने मैच जीतने के लिए 238 रन बनाने की चुनौती है। उनके खेमे में हैं जयसूर्या, संगकारा और माहेला जयवर्धने जैसे धाकड़ बल्लेबाज।

पिछले मैच में जहीर खान ने खासा धमाल मचाया था। देखें, इस बार उनकी गेंदबाजी क्या रंग लाती है।

6.09 बजे।

आखिरी गेंद पर भारत का 9 वां विकेट गिरा।

भारत : 50 ओवर में 237 रन/ 9 विकेट पर।

आखिरी आउट होने वाले खिलाड़ी थे जहीर खान।

6.00 बजे
बाल- बाल बचे जहीर खान। और मेंडिस हैट्रिक नहीं बना पाए।

48 वें ओवर में मेंडिस ने दो विकेट झटके। हरभजन सिंह और धोनी के।

भारत : 229/ 8 विकेट पर ( 49 ओवर में)

मेंडिस की आखिरी गेंद तक निश्चिंत नहीं राह सकते भारतीय बल्लेबाज।

5. 59 बजे

धोनी भी आउट!!! मेंडिस हैट्रिक पर!!!

5.56 बजे

हरभजन आउट!

मेंडिस की गेंद पर कैच दे बैठे भज्जी।

भारत ने 7 वां विकेट गंवाया।

भारत : 229/ 7 विकेट पर (48.2 ओवर)

5.55 बजे

कप्तान की पारी खेली आज धोनी ने।

फिलहाल 78 गेंद पर 75 रन बना कर टिके हुए हैं। शुरूआत में लड़खड़ाए थे, लेकिन उसके बाद संभल गए। उन्हें पहले सुरेश रैना और फिर रोहित शर्मा ने अच्छा साथ दिया। एक समय जब 62 रन पर भारत ने 3 विकेट गंवा दिए थे तब 200 रन का लक्ष्य भी कठिन नजर आ रहा था।

लेकिन फिर बाद के बल्लेबाज संभल कर खेलते रहे और टीम का स्कोर काफी सम्मानजनक बना दिया।

अब भारतीय पारी के सिर्फ 2 ओवर बाकी हैं। स्कोर है: 228 रन/ 6 विकेट पर ( 48 ओवरों में)

5.45 बजे

रोहित शर्मा आउट!

भारत का 6 वां विकेट गिरा।

32 गेंदों पर 32 रनों की अच्छी पारी खेल कर विदा हुए रोहित।

भारत का स्कोर: 212 रन / 6 विकेट पर ( 45.5 ओवर)

खेलने आए हैं हरभजन सिंह। अब भारत की कोशिश है तेज से तेज खेल कर अधिक से अधिक रन बटोरने की।

5.38 बजे
धोनी का अर्धशतक पूरा।

भारत के 200 रन पूरे।

स्कोर: भारत 200 रन/ 5 विकेट पर (44 ओवर में)

5. 10 बजे

धोनी की गलती से रैना रन आउट!

जयसूर्या की गेंद पर धोनी ने एक रन लेना चाहा, हिचके , फिर दौड़ गए। सामने रैना रन नहीं लेना चाहते थे लेकिन धोनी को पास आता देख कर मजबूरन दौड़ना पड़ा। धोनी उनके छोर पर सुरक्षित पहुंच गए लेकिन रैना को अपने कप्तान के ठिठकने की कीमत चुकानी पड़ी और वे रन आउट हो गए।

भारत : 149 रन/ 5 विकेट पर ( 35 ओवर में)

5.00 बजे
सुरेश रैना का अर्धशतक पूरा।

75 गेंदों में यह अर्धशतक पूरा हुआ।

भारत : 141 रन/ 4 विकेट पर

4.45 बजे

मेंडिस के पिछले ओवर में धोनी ने 2 चौके मारे। भारत के लिए अच्छी बात।

स्कोर: 121 रन/ 4 विकेट पर ( 29 ओवर में)

धोनी: 17
रैना: 39

4.40 बजे

मुरलीधरन गेंदबाजी कर रहे हैं। धोनी लगातार शॉट खेलने की कोशिश कर रहे हैं और लगभग हर बार चूक रहे हैं।

क्या पेवेलियन की याद आ रही है?

4. 35 बजे

भारत के 100 रन पूरे।

3.95 रन का औसत। 26.5 ओवर में भारत के 106 रन। 4 विकेट आउट हो चुके हैं।

गंभीर, कोहली, युवराज और बद्रीनाथ पेवेलियन में वापस जा चुके हैं।

क्रीज पर हैं कप्तान धोनी और सुरेश रैना।

अगर सौरव गांगुली की कप्तानी में टीम ऎसा प्रदर्शन करती तो?

4.30 बजे

कप्तान धोनी ने जोरदार शॉट लगाने की कोशिश की। गेंद वहीं, सामने गिर गई।

एक बात माननी पड़ेगी। माहेला जयवर्धने की कप्तानी के सामने धोनी की कप्तानी पूरी तरह असफल साबित हुई है। एक तरफ माहेला लगातार अपने खिलाड़ियों का हौसला बढ़ाते, उनके बीच भागते- दौड़ते, सलाह- मशविरा करते दिखाई देती हैं तो दूसरी ओर धोनी कभी भी टीम के खिलाड़ियों के पास जाकर हौसला अफजाई करते नजर नहीं आते।

क्या धोनी को समय से पहले कप्तानी का भार सौंप दिया गया है?

सुरेश रैना 33 रन बना कर अब भी टिके हुए हैं। यह भारतीय पारी का अब तक का सबसे बड़ा स्कोर है। उनके बाद विरात कोहली का नम्बर है जिन्होंने 25 रन बनाए थे। इसी से समझ आता है, भारतीय बल्लेबाजी आज कितनी बुरी रही है।

4.20 बजे

चौथा विकेट गया!!!

मेंडिस की गेंद पर बद्रीनाथ आउट!!

बद्रीनाथ सिर्फ 6 रन बना पाए।

भारत 91 रन, 4 विकेट गए ( 23 ओवरों में)

कप्तान धोनी खेलने आए हैं।

4.07 बजे

अजंता मेंडिस आ रहे हैं गेंदबाजी करने। भीड़ ने हल्ला मचा कर उनका स्वागत किया।

3.56 बजे

सुरेश रैना और सुब्रह्म्ण्यम बद्रीनाथ क्रीज पर हैं।

17 ओवरों में भारत का रन औसत 3.66 रहा है। पिछले पांच ओवरों में तो यह और भी कम था, सिर्फ 2.40।

बद्रीनाथ ने 7 गेंद खेल कर भी खाता नहीं खोला है। यह समझदारी का खेल है, बजाए इसके के जल्दी रन बनाने की कोशिश करें और विकेट गंवा दें।

अब अगर एक भी और विकेट गया तो भारत बड़ी मुश्किल में फंस जाएगा। ऎसा नहीं कि अभी मुश्किल बड़ी नहीं है। पर आफत को और बड़ी आफत बनाना तो समझदारी नहीं है। युवराज शायद अभी पेवेलियन में बैठ कर यही सोच रहे होंगे। 17 गेंदों में 12 रन बना कर आउट हुए थे युवराज।

3.35 बजे

युवराज सिंह आउट!!

कहा था न, पेवेलियन वापसी की जल्दी दिख रही है इन्हें। कुलसेकरा की गेंद पर मौका मिलते ही कैच दे दिया।

भारत : 14 ओवर में 62 रन/ 3 विकेट आउट

भारतीय बल्लेबाजों को जल्दी क्या है यह समझ में नहीं आ रहा। हर कोई ऎसे खेल रहा है जैसे पारी का आखिरी ओवर खेल रहा हो और उसमें 40 रन बनाने हैं।
जिस पिच को बल्लेबाजों की मदद करने वाला माना जा रहा था उस पर 62 रन पर 3 विकेट गंवाना गेंदबाज का कमाल तो नहीं हो सकता है।

अभी तो मेंडिस- मुरली की धुन बजना शुरू नहीं हुई है।

उनके ओवर आरंभ होंगे तो क्या करेंगे भारतीय बल्लेबाज?

3.24 बजे

छक्का!!

युवराज ने मारा। कुलसेकरा की गेंद पर। विचित्र शॉट था। गेंद उठी ही नहीं और थोड़ी ऊंचाई से ही बाउंड्री के बाहर गई।

भारत के 50 रन पूरे।

दो विकेट पर 50 रन। ज्यादा महान स्कोर नहीं लगता, है न?

3.22 बजे।

11 ओवर, दो विकेट गए, 45 रन। लगता है भारतीय टीम 20-20 का मैच खेल रही है।

आज अभी तक के खेल में सिर्फ विराट कोहली ही थोड़ा जमते नजर आ रहे थे। गंभीर तो पहली ही गेंद से लड़खड़ा रहे थे और युवराज सिंह को भी आते ही वास की गेंद पर एक जबरदस्त पगबाधा अपील का सामना करना पड़ा जिससे वे थोड़ा हड़बड़ाए दिखे।

अभी तो मेंडिस नहीं आए हैं।

तेरा क्या होगा धोनी की टीम…

3.19 बजे

युवराज सिंह ने भी पहली ही गेंद को उठा कर मारा जो दो क्षेत्ररक्षकों के बीच गिरी। इनके भी लक्षण ठीक नहीं दिख रहे। लगता है, पेवेलियन वापसी की जल्दी है।
3.14 बजे

गंभीर भी आउट!

भारत का दूसरा विकेट गया!

40 रन पर दो विकेट गए।

कुल 8 रन बनाए थे उन्होंने। अब खेलने आए हैं सुरेश रैना और युवराज सिंह।

3.10 बजे:

कोहली आउट! तीसरी बार बेवजह रन लेने की कोशिश की और इस बार श्रीलंकाई खिलाड़ियों ने गलती नहीं की।

दो बार भारतीय बल्लेबाज रन आउट होते – होते बच चुके थे लेकिन बकरे की मां कब तक खैर मनाती। 25 रन बना कर कोहली आउट।

भारत : 39 रन/ 1 विकेट गंवा कर

2.39 बजे

गौतम गंभीर को विकेट गंवाने की जल्दी पड़ी दिखती है। दूसरे ओवर में कुलसेकरा की पहली ही गेंद पार रन आउट हो जाते अगर दिलशान का निशाना स्टंप पर सीधा पड़ता। उसके एक गेंद बाद स्लिप में कैच गिरा।

दूसरे ओवर की समाप्ति पर भारत : 13 रन बिना किसी नुकसान के।

2.36 बजे

चामिंडा वास का पहला ओवर काफी गड़बड़ रहा। पहली गेंद पर चार लेग बाई दिए, फिर “वाइड” गेंद फेंकी। उसके बाद विराट कोहली ने उनकी एक गेंद पर बेहतरीन चौका लगाया।

पहले ओवर के बाद भारत : 9 रन, बिना किसी नुकसान के।

दोपहर 2.30 बजे

भारत की ओर से गौतम गंभीर और विराट कोहली ने पारी की शुरूआत की है।

श्रीलंका की ओर से पहला ओवर फेंकने आए हैं चामिंडा वास। पहली ही गेंद विराट कोहली के पैड से लग कर चार अतिरिक्त रनों के लिए बाउंड्री से बाहर हो गई।

दोपहर 2.00 बजे

भारत के कप्तान महेन्द्र सिंह धोनी ने टोस जीता है और पहले बल्लेबाजी करने का फैसला किया है।

फिलहाल वे टीवी पर अंग्रेजी में झाड़ रहे हैं कि मैच में उनकी रणनीति क्या रहेगी। शायद किसी को मेंडिस से जाकर पूछना चाहिए कि आज भारत के खिलाफ उनकी रणनीति क्या रहेगी?

इरफान पठान को इस मैच के लिए टीम से बाहर कर दिया गया है।

भारतीय टीम इस प्रकार है:

गौतम गंभीर, विराट कोहली, एस के रैना, एस. बद्रीनाथ, युवराज सिंह, महेन्द्र सिंह धोनी, रोहित शर्मा, प्रवीण कुमार, हरभजन सिंह, जहीर खान, मुनाफ पटेल।
दो तेज गेंदबाज और एक स्पिनर। बाकी बल्लेबाज।

श्रीलंका की टीम:

सनत जयसूर्या, कुमार संगकारा, महेला जयवर्धने, कपुगेदारा, चमारा सिल्वा, तिलकरत्ने दिलशान, कुलसेकरा, चामिंडा वास, तुषारा, अजंता मेंडिस, मुथैया मुरलीधरन।

भारत में M & M ( महिन्द्रा एंड महिन्द्रा) मशहूर है बेहतरीन वाहन बनाने के लिए।

श्रीलंकाई क्रिकेट के M & M ( मेंडिस एंड मुरली) मशहूर हो रहे हैं भारतीय बल्लेबाजों की नाक रगड़ने के लिए।

चलिए देखें, आज क्या हाल होता है।

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भारतीय चयनकर्ताओं का वेतन: 25 लाख रुपए सालाना!

August 24th, 2008 by Administrator | No Comments | Filed in मैदान से बाहर

भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड के नए प्रस्तावों में चयनकर्ताओं के चयन और उनके वेतन के बारे में नए सुझाव दिए गए हैं।

इसने अनुसार अब सिर्फ वही खिलाड़ी चयनकर्ता बन सकेंगे जो भारत के लिए खेले हों या कम से कम 25 प्रथम श्रेणी के मैच खेल चुके हों। इसके अलावा वरिष्ठ चयनकर्ता बनने के लिए किसी खिलाड़ी को सक्रिय क्रिकेट से संन्यास लिए कम से कम दस वर्ष बीत चुके होना जरूरी होगा।

और, नए प्रस्ताव के अनुसार, चयनकर्ताओं का वेतन होगा 25 लाख रुपए सालाना!

एक बड़ी शर्त और होगी; चयनकर्ता बनने वाला, क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड या उससे सम्बद्ध किसी संस्था का सदस्य नहीं हो। इस कसौटी पर फिलहाल चयनसमिति के अध्यक्ष दिलीप वेंगसरकर भी खरे नहीं उतरते हैं क्योंकि वे भी मुम्बई क्रिकेट संघ के उपाध्यक्ष हैं।

(ये सभी अभी प्रस्ताव हैं, नियम बनने के लिए इनको बोर्ड की साधारण सभा में पारित होना आवश्यक है।)

बोर्ड को यही शर्त अपने पदाधिकारियों के भी रखनी चाहिए, कि वे क्रिकेट बोर्ड में रहना चाहते हैं तो किसी भी अन्य पद पर न हों। वर्ना शरद पवार जैसे लोग केंद्रीय मंत्रिमंडल से लेकर क्रिकेट बोर्ड तक इसे तरह दसियों पदों पर कब्जा जमाए रखेंगे।

पर बोर्ड ने कब अपने लिए नियम-कायदे बनाए हैं जो अब बनाएगा। उसकी लाठी तो सिर्फ खिलाड़ियों/ भूतपूर्व खिलाड़ियों पर चलती है, जिनके नाम और खेल के दम पर उसके अपने खजाने भरते हैं।

अब शायद ऑस्ट्रेलिया जैसे देशों के खिलाड़ी भारतीय नागरिकता लेने की सोचने लगेंगे। भारतीय पैसे से वैसे ही उनकी आंखें इतनी चौंधियाई हुई हैं कि यहां आईपीएल में खेलने/ कोच बनने के लिए उनकी लाइन लगी रहती है।

रिटायरमेंट के बाद इतनी बढ़िया पैसा –कमाऊ सुविधाएं उनके देश में कहां धरी हैं।

अच्छा खिलाड़ी होना भी जरूरी नहीं भारतीय चयनकर्ता बनने के लिए। सिर्फ बोर्ड की लल्लो-चप्पो करना आना चाहिए। कपिल देव जैसे खिलाड़ी , जिनमें यह गुण नहीं था, इसलिए कभी भारतीय क्रिकेट के प्रशासन का हिस्सा नहीं बन पाए।

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भारत- श्रीलंका : तीसरा एक दिवसीय मैच

August 23rd, 2008 by Administrator | No Comments | Filed in क्रिकेट

रविवार, 24 अगस्त को कोलम्बो में भारत और श्रीलंका के बीच वर्तमान श्रृंखला का तीसरा एकदिवसीय मैच खेला जाएगा। पहला मैच श्रीलंका ने आसानी से धोनी की टीम को धोते हुए जीता था। दूसरा मैच धोनी की टीम ने घिसट-घिसट कर बड़ी मुश्किल से जीता था।

अब देखना है कि कल तीसरे मैच में क्या गुल खिलेगा?

अब ये पूछिए कि हम भारतीय क्रिकेट टीम को “धोनी की टीम” क्यों कहते फिर रहे हैं?

इसलिए कि:

1. धोनी चिल्ला –चिल्ला कर दुनिया भर को बताते रहे हैं कि “मैंने जो टीम मांगी थी वह मुझे मिली” ( यानी सीनियर खिलाड़ियों को निकलवा कर)। तो यह टीम धोनी की हुई। और जो दुर्दशा इसकी हो रही है/ होगी, वह भी धोनी की :)

2. जिस टीम में पिछले साल का सर्वश्रेष्ठ भारतीय क्रिकेटर ( सौरव गांगुली) सिर्फ क्षुद्र व्यक्तिगत बदले की भावना के कारण नहीं लिया गया हो, वह भारत का प्रतिनिधित्व नहीं करती। वह किसी व्यक्ति की ओछी तिकड़मों वाली व्यक्तिगत टीम है इसलिए हम इसे “भारतीय टीम” नहीं कहेंगे।

कल का मैच शुरू होगा भारतीय समयानुसार दोपहर 2.30 बजे। हमारे साथ रहिएगा “धुलाई” का हाल जानने के लिए।

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